Tuesday, 1 November 2022

शायरी

जिंदगी में बहुत से आए और बहुत से गए
कुछ को मैने दिखाया कुछ का मैने देखा
कुछ कब का चले गए और कुछ अभी भी है बाकी
ये जिंदगी का फलसफा है दोस्तो ये सब है नाकाफी।


हम तो यूं ही मिलते रहेंगे हर मोड़ पर
पर हर इंसान नहीं मिलेगा किसी मोड़ पर
हम तो यूं ही रहते है गर्दिशो में
हर कोई नहीं मिलेगा हर मोड़ पर।


यूं तो हर शख्स यहीं कहता है कि मैं ही सही हूं
पर जब सच सामने होता है तो कहते हैं और कहीं हूं
ए दिल ए नादान अब तो समझ जा सच क्या है
नही तो पछताते रहोगे ज़िंदगी भर आखिर सच्चाई क्या है।


ऐसे तो लड़के कहते है मैं मोहब्बत करता हूं आपसे
पर बात शादी की आती है तो कहते है दोस्ती करता हूं आपसे
अगर दिल ही तोड़ना है तो परवान क्यू चढ़ाते हो
और शादी नही करनी तो वादा क्यू करते हो।

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